Rajasthan Diwas 2022: राजस्थान दिवस पर जानिए इसकी ख़ासियत और इसका इतिहास

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Last Updated on 30 March 2022, 1:08 PM IST: Rajasthan Diwas 2022 in Hindi: 30 मार्च, 1949 को राजस्थान का गठन हुआ था। राजस्थान दो शब्दों से मिलकर बना है ‘राज’ और ‘स्थान’। यानी स्थानों या जगहों का राजा। यह गुजरात, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब से घिरा हुआ है। आइए आज स्थापना दिवस पर राजस्थान के बारे में काम की बातें जानते हैं.

क्षेत्रफल के मामले में राजस्थान भारत का सबसे बड़ा राज्य है। राज्य के बड़े हिस्से में थार रेगिस्तान है जिसको ग्रेट इंडियन डेजर्ट के नाम से भी जाना जाता है। राजस्थान बालू के टीलों, रेगिस्तान और चट्टानों की धरती है। जयपुर यहां की राजधानी है। जयपुर यहां का सबसे बड़ा शहर भी है। राजस्थान भव्य महलों, किलों, रंगों और उत्सवों के लिए प्रसिद्ध है। इससे जुड़ीं कुछ अहम और रोचक बातें नीचे दी गई हैं.

Rajasthan Diwas History in Hind (राजस्थान दिवस का इतिहास)

राजस्थान का अस्तित्व प्रागैतिहासिक काल से मिलता है। समय-समय पर यहां चौहान, मेवाड़, गहलोत वंशों का राज रहा है। मेवाड़, मारवाड़, जयपुर, बुंदी, कोटा, भरतपुर और अलवर बड़ी रियासतें हुआ करती थीं। इन सभी रियासतों ने ब्रिटिश शासन की अधीनता स्वीकार कर ली थी। इससे राजाओं ने अपने लिए तो रियायतें हासिल कर लीं लेकिन लोगों के बीच असंतोष रहा। 1857 के विद्रोह के बाद महात्मा गांधी के नेतृत्व में लोग एकजुट हुए और स्वतंत्रता संग्राम में अपना योगदान दिया।आजादी के बाद जब रियासतों का विलय होना शुरू हुआ तो बड़ी रियासतों जैसे बिकानेर, जयपुर, जोधपुर और जैसलमेर को मिलाकर ग्रेटर राजस्थान बना। 1958 में आधिकारिक तौर पर मौजूदा राजस्थान राज्य वुजूद में आया। उस समय अजमेर, आबू रोड तालुका और सुनल तप्पा रियासतों ने भी राजस्थान में विलय किया।

राजस्थान के प्रतीक चिह्न

  • राज्य का पशु : ऊंट और चिंकारा
  • राज्य की पक्षी: गोडावण जिसो सोहन चिड़िया, हुकना, गुरायिन वगैरा के नाम से जाना जाता है।
  • राज्य का फूल: रोहिड़ा
  • राज्य का वृक्ष: खेजड़ी

राजस्थान के प्रमुख स्थान

उदयपुर, नागौड़, माउंट आबू, कोटा, जोधपुर, झलावर, जयसलमेड़, जयपुर, बिकानेर और अजमेर यहां की प्रसिद्ध जगहें हैं जो यहां स्थित महलों, मंदिरों और दरगाह के लिए प्रसिद्ध हैं।

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आज रिहा होंगे 1200 कैदी

आपको बता दें कि प्रदेश में राजस्थान दिवस के मौके पर गहलोत सरकार 1200 परिवार को बड़ी खुशी देगी। प्रदेश में आज शुभ मौके पर 1200 कैदी को रिहा किया जाएगा। इसमें उन कैदियों को रिहा किया जाना प्रस्तावित है, जो सदाचार पूर्वक अपनी अधिकांश सजा भुगत चुके अथवा गंभीर बीमारियों से ग्रस्त व वृद्ध बंदी हैं। गहलोत ने शनिवार को मुख्यमंत्री निवास पर जेल विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक लेने के बाद इस संबंध में फैसला लिया था।

राजस्थान की कुछ अन्य बातें

  • राजस्थान के लगभग बड़े शहरों का किसी न किसी खास रंग से संबंध है जैसे जयपुर का गुलाबी, उदयपुर का सफेद, जोधपुर का नीले रंग और झलावर का बैंगनी रंग से। इन जगहों पर लगभग सभी खास स्मारकों और स्थानों को खास रंगों से रंगा गया है। यही वजह है कि जयपुर को गुलाबी शहर, उदयपुर को वाइट सिटी भी बोलते हैं।
  • राजस्थान के बारे में लोग सोचते हैं कि वहां सिर्फ रेगिस्तान ही रेगिस्तान होगा। लेकिन ऐसा नहीं है। कुछ हिस्से में आपको रेगिस्तान बिल्कुल नहीं दिखेगा। वहां आपको हरियाली भी दिखेगी।
  • ऐसा माना जाता है कि अरावली पर्वत श्रृंखला बनने की वजह से सरस्वती नदी थार रेगिस्तान के नीचे ही गुम हो गई थी। अरावली पर्वत श्रृंखला भारत की सबसे पुरानी पर्वत श्रृंखला है। यह हिमालय से भी पुरानी है।
Credit: News 18 Hindi

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Rajasthan Diwas Quotes and Status in Hindi

सोने री धरती अठे, चाँदी रो असमाण
रंग रंगीळो रस भर्यो म्हारो प्यारो ‘राजस्थान’

या धरती धोरा री या धरती मीठा बोरा री
या तो सुरगा ने शरमावे इ पर देव रमण न आवे
सारा नर नारी, मिल हरषाव
या धरती धोरा री,या धरती सतीया री

माउंट आबू की ठंड
रेगिस्तान की धूप से आया हूँ
उस रंग रंगीले जहान से आया हूँ
दिल थाम के बैठिए मेरे दोस्त, मै वीरों की भूमि राजस्थान से आया हूँ
आ धरती म्हारें राजस्थान री, मनें खुद पर होवे घणों अभिमान
इण धरती पर जन्म लियो हां, म्हारो सम्मान ओ है राजस्थान

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