बॉलीवुड एक्टर धर्मेंद्र का सोमवार को 89 साल की उम्र में निधन हो गया। उनकी दो शादी हुई थी जिसे उनके 6 बच्चे हैं जिनके लिए धर्मेंद्र करोड़ों की संपत्ति छोड़कर चले गए।
बॉलीवुड के ही मन कहे जाने वाले या फिर शोले मूवी के वीरू कहे जाने वाले अभिनेता धर्मेंद्र अब हमारे बीच नहीं रहे सोमवार को उनके निधन की दुखद खबर आई करीब 300 से ज्यादा फिल्मों में उन्होंने अपने अभिनय का दम दिखाकर साइंस का दिल जीत और 89 साल की उम्र में अंतिम सांस ली और पीछे छोड़ गए करोड़ों की संपत्ति जिसकी कीमत करीब करीब 450 से 500 करोड़ बताई जा रही है।
2 शादियां और 6 बच्चों के पिता बॉलीवुड एक्टर धर्मेंद्र
बॉलीवुड फिल्म स्टार धर्मेंद्र की निजी जिंदगी अगर नजर डालें तो उनकी दो शादियां हुई थी जिनमें उनकी पहली पत्नी का नाम प्रकाश कौर है और उनसे उनके चार बच्चे हुए हैं। इनमें दो बेटे सनी देओल और बॉबी देओल है तथा दो बेटियां विजेता देओल और अजीत देओल है। साल 1980 में उन्होंने दूसरी शादी की और उनकी पत्नी बनी बॉलीवुड की दिग्गज अभिनेत्री और वर्तमान में सांसद है हेमा मालिनी। इस शादी से उनके दो बेटियां हुई जिनका नाम ईशा देओल और जाना देओल है और घर के आंगन में 13 नाती-पोते भी धर्मेंद्र का दिल बहलाते थे।
करोड़ों की संपत्ति तथा कमाई का जरिया
एक तरफ धर्मेंद्र ने अपनी एक्टिंग से फैंस का दिल जीत और वहीं दूसरी ओर फिल्मों से कमाई भी जोरदार की। रिपोर्टर्स के मुताबिक, अपने करियर के 70-80 के दशक में सबसे ज्यादा फिल्म फीस लेने वाले एक्टर्स की लिस्ट में शामिल थे धर्मेंद्र। हालांकि धर्मेंद्र की पहली फिल्म 1960 में ‘दिल भी तेरा हम भी तेरे’ के लिए उन्हें सिर्फ ₹51 मिले थे, लेकिन आने वाले दशकों में उन्होंने इंडस्ट्री पर राज किया और करोड़ की संपत्ति बनाई।
कमाई के अन्य साधन
फिल्मों के अलावा धर्मेंद्र का तमाम रियल एस्टेट में निवेश के साथ-साथ प्रोडक्शन हाउस, ब्रांड एंडोर्समेंट, हॉस्पिटल और रेस्टोरेंट चैन के जरिए भी उनकी खूब कमाई होती थी। रिपोर्ट के मुताबिक, धर्मेंद्र की कुल संपत्ति करीब 450 से 500 करोड रुपए के आसपास बताई जा रही है।
120 करोड़ का लग्जरी फार्म हाउस तथा महंगी कारें
मुंबई और पंजाब में घर के साथ ही धर्मेंद्र का फार्म हाउस खंडाला के लोनावला में 100 एकड़ में फैला हुआ है जिसकी कीमत करीब 120 करोड रुपए बताई जाती है। इस फार्म हाउस में स्विमिंग पूल एक्वाथेरेपी जैसी लग्जरी सुविधाएं उपलब्ध है। धर्मेंद्र यहां अपनी पहली पत्नी प्रकाश कौर के साथ रहते थे।
महाराष्ट्र में भी 17 करोड रुपए की एक अन्य प्रॉपर्टी और 1.4 करोड़ की कृषि व गैर कृषि जमीन भी उनके पास थी। रिपोर्टर्स के मुताबिक वह फार्म हाउस के पास 30 कॉटेज वाला एक लक्जरी रिसॉर्ट बनाने की योजना पर भी काम कर रहे थे।
लग्जरी कारों का शौक और करोड़ों की प्रॉपर्टी
धर्मेंद्र को लग्जरियस गाड़ियों का शौक था। उनकी कलेक्शन में मर्सिडीज-बेंज एस क्लास, मर्सिडीज़ बेंज SL500 और लैंड रोवर, रंगे रोवर जैसी महंगी कारें शामिल थी। पुरानी गाड़ियों के कलेक्शन में जो उनकी सबसे पसंदीदा कार 65 साल पुरानी फीएट भी शामिल थी। धर्मेंद्र की कार कलेक्शन में कुछ कारों की कीमत लाखों में थी, तो कुछ की करोड़ों में।
संपत्ति में बटवारा
उनके निधन के बाद अब एक सवाल यह उठता है क्योंकि दो शादी करने वाले धर्मेंद्र की करोड़ों की संपत्ति में उनके 6 बच्चों में से किस कितना और क्या-क्या मिलेगा ?
सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील उज्जवल कुमार दुबे का कहना है कि उनके सभी बच्चों को पिता धर्मेंद्र की संपत्ति में बराबर का हक मिलेगा फिर चाहे वह पहली पत्नी के बच्चे हो या फिर दूसरी पत्नी के।
वकील ने बताया कि दो शादियों वाली संपत्ति में तय किए गए कानून के मुताबिक पहली पत्नी से तलाक लिए बिना या पहली पत्नी के जीवित रहते हुए दूसरी शादी हिन्दू मैरिज एक्ट (HMA) के अंतर्गत अमान्य मानी जाती है, परंतु दोनों ही शदियों से हुए बच्चे वैध अर्थात मान्य होते हैं। इस प्रकार सभी बच्चों का अपने माता-पिता की संपत्ति पर पूरा हक होता है यानी धर्मेंद्र के मामले में भी उनकी संपत्ति को छह बच्चों में बराबर बांटा जा सकता है।
क्या हेमा मालिनी का संपत्ति में हक होगा ?
वकील के मुताबिक धर्मेंद्र की संपत्ति में सभी बच्चों का बराबर का हक मिलेगा साथ ही बताया कि हिंदू मैरिज एक्ट के तहत पहली पत्नी के रहते यानी बिना तलाक दूसरी शादी वैध नहीं मानी जाती है और संपत्ति में दूसरी पत्नी का हक नहीं होता लेकिन धर्मेंद्र की संपत्ति में आपसी सहमति से दोनों पत्नियां हिस्सा ले सकती हैं क्योंकि जब तक मामला अदालत तक नहीं पहुंचता है, तब तक आपसी सहमति से बटवारे को वैध माना जाता है। इस हिसाब से वकील का कहना है कि हेमा मालिनी को भी संपत्ति का हक मिलेगा ।
पृथ्वी का क्षणिक सुख छोड़ें, अमरलोक का स्थायी सुख पाएं – संत रामपाल जी महाराज”
पृथ्वी अर्थात मृत्यु लोक में परम सुख ढूंढने पर भी नहीं मिलता जो हमें सुख की अनुभूति होती है वह क्षण भर की होती है अर्थात स्थाई सुख/परम सुख नहीं होता है। मनुष्य धन संपत्ति और बहुत सारी सुविधाएं केवल इसीलिए एकत्रित करता है जिससे मुझे जीते जी सुख की अनुभूति हो परंतु वह भूल जाता है कि इस मृत्यु लोक से परे एक अमरलोक भी है जहां जाकर आत्मा कभी मुड़कर वापस नहीं आती अर्थात जन्म मरण के इस घोर कष्ट से मुक्ति पाई जाती है।
माया इकट्ठी करने में वह उस अमर लोक तक पहुंचाने का प्रयास भी नहीं करता, पृथ्वी पर ही सुख ढूंढता है जो की व्यर्थ है अर्थात मनुष्य जन्म बर्बाद कर 84 में जाने की तैयारी है।
गीता अध्याय 15 श्लोक 1-4 के मुताबिक मनुष्य को उस तत्वदर्शी संत की तलाश करने के पश्चात उस परम पद परमेश्वर की खोज करनी चाहिए जहां जाकर आत्मा कभी मुड़कर वापस नहीं आती दूसरे शब्दों में उसे परम सुख कहा जाता है। आज वर्तमान में जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज ही हैं जो हमें सत्य ज्ञान पढ़ाकर सत सनातन धर्म का पालन करवा कर हमें उस सत्य सनातन धाम तक पहुंचने के लिए निरंतर अपने मंगल प्रवचनों से हमें ज्ञानी बना रहे हैं तथा हमें वहां सुखी देखना चाहते हैं।
तो देखिए रोजाना संत रामपाल जी महाराज जी के मंगल प्रवचन साधना टीवी पर शाम 7:30 बजे।।