•वनतारा (Vantara) में पशु अधिग्रहण को लेकर लगे हैं गंभीर आरोप
•क्या वन्यजीव संरक्षण के नाम पर हो रहा अवैध पशु व्यापार?
•सुप्रीम कोर्ट सख्त, वनतारा (Vantara) पर SIT जांच का बड़ा आदेश
•12 सितंबर तक SIT पेश करेगी रिपोर्ट, 15 सितंबर को अगली सुनवाई
•जांच में उत्तराखंड और तेलंगाना हाई कोर्ट के पूर्व जस्टिस राघवेंद्र चौहान रहेंगे शामिल
वनतारा पर लगाए मुख्य आरोप क्या हैं?
PILs में कहा गया कि “वनतारा (Vantara) ने भारत और विदेश से हाथियों एवं अन्य दुर्लभ प्रजातियों को अवैध रूप से अधिग्रहित किया है।” वनतारा (Vantara) पर मुख्य रूप से अवैध पशु अधिग्रहण, हाथियों और दुर्लभ प्रजातियों की गैरकानूनी कस्टडी, Wildlife Protection Act, 1972 और CITES नियमों के उल्लंघन, पशु दुर्व्यवहार, वित्तीय गड़बड़ियों और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे कई आरोप लगाए गए हैं। इसके अलावा ये भी आरोप हैं कि संस्था का संचालन पारदर्शी नहीं है।
सुप्रीम कोर्ट का आदेश, SIT का गठन
सुप्रीम कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए चार सदस्यों वाली एक Special Investigation Team (SIT) बनाई है। इसकी अध्यक्षता सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश Justice Jasti Chelameswar करेंगे। अन्य सदस्यों में-
•जस्टिस राघवेन्द्र चौहान (Justice Raghvendra Chauhan पूर्व मुख्य न्यायाधीश)
• हेमंत नागराले (Hemant Nagrale पूर्व मुंबई पुलिस आयुक्त)
•अनिश गुप्ता (Anish Gupta अतिरिक्त कस्टम्स आयुक्त)
ये 4 सदस्यीय टीम सभी पहलुओं की स्वतंत्र जांच करेगी और अदालत को अपनी विस्तृत रिपोर्ट सौंपेगी।
रिपोर्ट सुनवाई की तिथि और वनतारा (Vantara) की प्रतिक्रिया
अदालत ने SIT को 12 सितंबर 2025 तक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का आदेश दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले की अगली सुनवाई की तारीख 15 सितंबर 2025 निर्धारित की है। वहीं वनतारा (Vantara) प्रबंधन ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश को पूरी तरह स्वीकारा है। उन्होंने बयान जारी कर कहा कि “हम जांच में पूरी पारदर्शिता और सहयोग करेंगे। हमारा उद्देश्य हमेशा से वन्यजीव संरक्षण और पशु कल्याण रहा है।”
FAQs about वनतारा (Vantara) News
1. वनतारा (Vantara) क्या है?
वनतारा (Vantara) गुजरात के जामनगर में स्थित Reliance Foundation/अनंत अंबानी द्वारा संचालित वन्यजीव रेस्क्यू और पुनर्वास केंद्र है।
2. सुप्रीम कोर्ट ने SIT क्यों गठित की?
वनतारा (Vantara) पर लगे अवैध पशु अधिग्रहण, Wildlife Protection Act और वित्तीय अनियमितताएं, पशु दुर्व्यवहार जैसे कई शिकायतों को लेकर SIT गठित की गई।
3. SIT की अध्यक्षता कौन कर रहे हैं?
पूर्व सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश Justice Jasti Chelameswar।
4. SIT को रिपोर्ट कब तक देनी है?
12 सितंबर 2025 तक।
5. वनतारा (Vantara) की प्रतिक्रिया क्या रही?
वनतारा (Vantara) ने आदेश का स्वागत किया है और जांच में पूरी पारदर्शिता एवं सहयोग का आश्वासन दिया है।