Neeraj Chopra Birthday: गोल्ड जीतने के लिए 6 महीने पहले नीरज ने छोड़ दी थी अपनी फेवरेट चीज

Home Hindi News Neeraj Chopra Birthday: गोल्ड जीतने के लिए 6 महीने पहले नीरज ने छोड़ दी थी अपनी फेवरेट चीज
Neeraj Chopra Birthday गोल्ड जीतने के लिए 6 महीने पहले नीरज ने छोड़ थी ये चीज

Neeraj Chopra Birthday: टोक्यो ओलंपिक में भारत के लिए एथलीट में पहली बार गोल्‍ड मेडल जीतकर नीरज चोपड़ा ने इतिहास रच दिया है। देश जिस एथलीट मेडल के लिए 121 साल से सपने देख रहा था, उसको नीरज कुमार ने जेवलिन में अपने भाले के दम पर हकीकत में बदल दिया। ओलंपिक में जाने से पहले ही देश को अपने इस खिलाड़ी से मेडल की बहुत उम्‍मीदें थी, इन्‍होंने देश को निराश भी नहीं किया और ओलंपिक समापन के एक दिन पहले देश को गोल्ड मेडल दिया।

Neeraj Chopra Birthday गोल्ड जीतने के लिए 6 महीने पहले नीरज ने छोड़ थी ये चीज

ऐसे हासिल की एजुकेशन (Neeraj Chopra Family And Education)

नीरज चोपड़ा का जन्‍म हरियाणा के उस जिले पानीपत में हुआ है, जो अपनी तीन लड़ाईयों के लिए मशहूर है। यहां के एक छोटे से गांव खांद्रा में किसान के घर पर 24 दिसंबर 1997 को नीरज का जन्म हुआ। नीरज ने अपनी प्रारंभिक पढ़ाई पानीपत से ही की। अपनी प्रारंभिक पढ़ाई को पूरा करने के बाद नीरज चोपड़ा ने चंडीगढ़ में एक बीबीए कॉलेज ज्वाइन किया था और वहीं से उन्होंने ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल की थी।

Neeraj Chopra Birthday: वर्ष 2016 में बने आर्मी के नायब सुबेदार

पढ़ाई के साथ वे जेवलिन में भी अभ्‍यास करते रहे, इस दौरान उन्‍होंने नेशनल स्‍तर पर कई मेडल अपने नाम किए। नीरज ने 2016 में पोलैंड में हुए आईएएएफ वर्ल्ड यू-20 चैम्पियनशिप में 86.48 मीटर दूर भाला फेंककर गोल्ड जीता। जिससे खुश होकर आर्मी ने उन्‍हें राजपुताना रेजिमेंड में बतौर जूनियर कमिशन्ड ऑफिसर के तौर पर नायब सुबेदार के पद पर नियुक्त किया। आर्मी में खिलाड़ियों को ऑफिसर के तौर पर कम ही नियुक्ति मिलती है, लेकिन नीरज को उनके प्रतिभा के कारण डारेक्‍ट ऑफिसर बना दिया गया।

Also Read: National Farmers Day: चौधरी चरण सिंह की जयंती पर क्यों मनाया जाता है राष्ट्रीय किसान दिवस, जानें- 10 मुख्य बातें

नीरज चोपड़ा का रिकार्ड (Neeraj Chopra Records)

2018 में इंडोनेशिया के जकार्ता में हुए एशियन गेम्स में नीरज ने 88.06 मीटर का थ्रो कर गोल्ड मेडल जीता था। नीरज पहले भारतीय हैं जिन्होंने एशियन गेम्स में गोल्ड जीता है। एशियन गेम्स के इतिहास में जैवलिन थ्रो में अब तक भारत को सिर्फ दो मेडल ही मिले हैं। नीरज से पहले 1982 में गुरतेज सिंह ने ब्रॉन्ज मेडल जीता था। 2018 में एशियन गेम्स और कॉमनवेल्थ गेम्स में शानदार प्रदर्शन करने के बाद नीरज कंधे की चोट का शिकार हो गए।

■ Also Read: Christmas Day (Hindi) क्रिसमस दिवस पर जानिए ईसा मसीह तथा परमेश्वर से जुड़ी सच्चाई

इस वजह से वो काफी वक्त तक खेल से दूर रहे, इसके बाद कोरोना के कारण कई इवेंट रद्द हो गए, जिससे उनका खेल काफी प्रभावित हुआ, लेकिन इसके बाद भी उन्‍होंने जोरदार वापसी करते हुए इसी साल मार्च में पटियाला में आयोजित इंडियन ग्रांड प्रिक्स में नीरज ने अपना ही रिकार्ड तोड़ते हुए 88.07 मीटर का थ्रो कर नया नेशनल रिकार्ड बनाया।

एक नजर नीरज चोपड़ा के तमाम मेडल पर

  • टोक्यो ओलंपिक 2021- गोल्ड मेडल
  • एशियन गेम्स 2018- गोल्ड मेडल
  • कॉमनवेल्थ गेम्स 2018- गोल्ड मेडल
  • एशियन एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2017- गोल्ड मेडल
  • वर्ल्ड यू-20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2016- गोल्ड मेडल
  • साउथ एशियन गेम्स 2016- गोल्ड मेडल
  • एशियन जूनियर चैंपियनशिप 2016- सिल्‍वर
Credit: APN NEWS

Leave a Reply

Your email address will not be published.

3 × one =